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इनकम टैक्स और GST के लिए डिजिटल सिग्नेचर

इनकम टैक्स और GST के लिए कौन-सा सर्टिफिकेट चाहिए: किसे साइन करना ज़रूरी है, दोनों पोर्टलों पर रजिस्ट्रेशन, emSigner का समाधान और PAN नाम मिलान।

इनकम टैक्स और GST वे दो मुख्य फ़ाइलिंग हैं जिन्हें भारत में अधिकांश व्यवसाय हर साल साइन करते हैं। दोनों पोर्टल Class 3 साइनिंग सर्टिफिकेट स्वीकार करते हैं, दोनों इसे आपके PAN से जोड़ते हैं, और जब नाम मेल नहीं खाता तो दोनों एक ही तरह से फ़ेल होते हैं।

हमें बताइए कि आप किसके लिए क्या फ़ाइल करते हैं, और हम बता देंगे कि आपको क्या खरीदना है।

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इन फ़ाइलिंगों के लिए कौन-सा सर्टिफिकेट चाहिए

दोनों पोर्टलों के लिए Class 3 साइनिंग काफ़ी है। इसमें साइनिंग और एन्क्रिप्शन वाले कॉम्बो की आवश्यकता नहीं होती, जब तक कि आप टेंडर में भी भाग न लेते हों — जो कि एक अलग आवश्यकता है।

एक ही सर्टिफिकेट दोनों पोर्टलों पर चलता है। जो डायरेक्टर कंपनी का इनकम टैक्स रिटर्न साइन करता है, वह उसी सर्टिफिकेट को GST पोर्टल पर भी रजिस्टर कर सकता है — अलग से टैक्स सर्टिफिकेट और अलग से GST सर्टिफिकेट लेने की कोई ज़रूरत नहीं होती।

किसके लिए हस्ताक्षर अनिवार्य है और कौन चुन सकता है

इनकम टैक्स ई-फ़ाइलिंग में डिजिटल सिग्नेचर इनके लिए अनिवार्य है:

  • कंपनियाँ और LLP, हर रिटर्न पर
  • वे करदाता जिनके खाते टैक्स ऑडिट (Tax Audit) के दायरे में आते हैं
  • राजनीतिक दल, तथा कुछ विशिष्ट ट्रस्ट और संस्थाएँ

ऑडिट से बाहर रहने वाले व्यक्ति और छोटे व्यापारी आधार OTP या बैंक EVC से भी सत्यापन कर सकते हैं। अगर आपके पास विकल्प है और आप साल में एक बार रिटर्न भरते हैं, तो शायद आपको सर्टिफिकेट की ज़रूरत ही न हो — हम साफ़-साफ़ बता देंगे।

GST में डिजिटल सिग्नेचर इनके लिए अनिवार्य है:

  • कंपनियाँ और LLP, रजिस्ट्रेशन और रिटर्न दोनों पर
  • विदेशी कंपनियाँ और अनिवासी करदाता

प्रोप्राइटर और पार्टनरशिप फर्म आम तौर पर आधार-आधारित EVC का उपयोग कर सकते हैं। रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया ही अक्सर DSC की माँग करती है: कंपनी के रूप में GST रजिस्ट्रेशन के लिए आवेदन जमा करने से पहले ही डिजिटल सिग्नेचर अनिवार्य होता है।

PAN कार्ड से नाम का मिलान अनिवार्य है

दोनों पोर्टल सर्टिफिकेट को आपके PAN से जोड़ते हैं। अगर सर्टिफिकेट पर दर्ज नाम PAN रिकॉर्ड में दर्ज नाम से ज़रा भी अलग हो — बीच का नाम छूट जाना, इनिशियल का फ़र्क़ होना, या उपनाम आगे-पीछे होना — तो रजिस्ट्रेशन फ़ेल हो जाएगा और कोई दूसरा रास्ता नहीं बचेगा।

PAN कार्ड से नाम हूबहू देखकर उसी रूप में आवेदन करें। बाद में सुधार कराने का मतलब है नया सर्टिफिकेट जारी कराना।

इनकम टैक्स पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन

  1. USB टोकन का ड्राइवर इंस्टॉल करें और टोकन कंप्यूटर में लगाएँ।
  2. इनकम टैक्स ई-फ़ाइलिंग पोर्टल पर लॉग इन करें।
  3. My Profile खोलें और Register DSC का विकल्प चुनें।
  4. सर्टिफिकेट में रजिस्टर्ड ईमेल पता दर्ज करें।
  5. पोर्टल का साइनिंग यूटिलिटी कॉम्पोनेंट चलाएँ — यही टोकन को पढ़ता है।
  6. अपना सर्टिफिकेट चुनें और पुष्टि करें।

रिन्यूअल के बाद दोबारा रजिस्टर करें। नाम समान होने पर भी रिन्यूअल वाला सर्टिफिकेट तकनीकी रूप से नया होता है; जब तक आप उसे रजिस्टर नहीं करेंगे, पोर्टल उसे नहीं मानेगा।

GST पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन

  1. टोकन ड्राइवर इंस्टॉल करके टोकन लगाएँ।
  2. GST पोर्टल पर लॉग इन करें।
  3. अपनी प्रोफ़ाइल खोलें और Register / Update DSC चुनें।
  4. सूची में से अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता का PAN चुनें।
  5. emSigner चलाएँ, सर्टिफिकेट चुनें और पुष्टि करें।

जिस हस्ताक्षरकर्ता को आप चुन रहे हैं, उसका नाम पहले से GST रजिस्ट्रेशन में अधिकृत हस्ताक्षरकर्ता के रूप में जुड़ा होना चाहिए। नया हस्ताक्षरकर्ता जोड़ना और उसका DSC रजिस्टर करना, ये दो अलग-अलग चरण हैं।

जब emSigner काम न करे

GST पोर्टल पर emSigner सबसे ज़्यादा आने वाली समस्या है। इन चरणों को क्रम से देखें:

  1. emSigner को Run as administrator करके चलाएँ। यह लोकल पोर्ट खोलता है और बिना एडमिन अनुमति के चुपचाप फ़ेल हो जाता है।
  2. साइनिंग बटन दबाने से पहले emSigner चालू करें, बाद में नहीं।
  3. लोकल कनेक्शन की अनुमति दें। ब्राउज़र 127.0.0.1 पर emSigner से बात करता है। एंटीवायरस और फ़ायरवॉल इसे अक्सर ब्लॉक कर देते हैं।
  4. जाँचें कि टोकन Windows को दिख रहा है। अगर Device Manager में टोकन नहीं है, तो डाउनलोड पेज से ड्राइवर इंस्टॉल करें।
  5. टोकन का उपयोग करने वाले अन्य ऐप बंद करें — दूसरा पोर्टल टैब या कोई टोकन मैनेजर।
  6. ब्राउज़र सेटिंग्स जाँचें। ट्रस्टेड-साइट सेटिंग्स के लिए ब्राउज़र कॉन्फ़िगरेशन गाइड देखें।

यदि फिर भी काम न करे, तो हमें कॉल करें — हम रिमोट डेस्कटॉप पर इसे कुछ ही मिनटों में ठीक कर देते हैं।

यह FIPS टोकन पर ही होना चाहिए

Class 3 सर्टिफिकेट FIPS 140-2 या 140-3 प्रमाणित USB टोकन पर ही जारी होते हैं। अगर आपके पास पहले से खाली स्लॉट वाला चालू टोकन है, तो नया सर्टिफिकेट अक्सर उसी पर आ जाता है — USB टोकन गाइड देखें।

रिन्यूअल, और फ़ाइलिंग सीज़न में यह क्यों परेशान करता है

सर्टिफिकेट तय तारीख पर एक्सपायर हो जाता है, और एक्सपायर सर्टिफिकेट उसी जगह रिन्यू नहीं हो सकता — नया जारी होकर टोकन पर दोबारा डाउनलोड होता है। फिर उसे दोनों पोर्टलों पर दोबारा रजिस्टर करना होता है।

फ़ाइलिंग की अंतिम तारीख और एक्सपायरी अक्सर एक साथ आ जाते हैं। अभी एक्सपायरी जाँच लें: दस्तावेज़ और प्रक्रिया गाइड में बताया गया है कि Windows से सीधे तारीख कैसे देखें।

रिटर्न की तारीख नज़दीक है और सर्टिफिकेट साइन नहीं कर रहा? हम हर कार्यदिवस रिमोट डेस्कटॉप पर emSigner और पोर्टल रजिस्ट्रेशन की समस्याएँ ठीक करते हैं। फ़ोन करें +91 89200 56551, +91 120 4321443 या +91 93547 14615, सोम–शनि, 9:30 AM–6:30 PM।

हम फ़ाइलिंग भी कर सकते हैं

अगर आप पूरा कम्प्लायंस हमें सौंपना चाहते हैं, तो हम सर्टिफिकेट जारी करने के साथ-साथ GST रजिस्ट्रेशन और रिटर्न, इनकम टैक्स फ़ाइलिंग, कंपनी रजिस्ट्रेशन, EPF और ESI तथा ट्रेडमार्क रजिस्ट्रेशन भी संभालते हैं।

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इनकम टैक्स और GST के लिए डिजिटल सिग्नेचर से जुड़े सवाल

इनकम टैक्स रिटर्न पर डिजिटल सिग्नेचर लगाना किसके लिए अनिवार्य है?
कंपनियों और LLP के लिए हर रिटर्न पर डिजिटल सिग्नेचर अनिवार्य है। इसके अलावा जिन करदाताओं के खाते टैक्स ऑडिट (Tax Audit) के दायरे में आते हैं, तथा राजनीतिक दलों व कुछ ट्रस्टों के लिए भी यह आवश्यक है। ऑडिट से बाहर रहने वाले व्यक्ति और छोटे व्यवसायी आधार OTP या बैंक EVC से भी सत्यापन कर सकते हैं।
क्या GST के लिए डिजिटल सिग्नेचर ज़रूरी है?
कंपनियों, LLP, विदेशी कंपनियों और अनिवासी करदाताओं के लिए GST रजिस्ट्रेशन और रिटर्न, दोनों पर डिजिटल सिग्नेचर अनिवार्य है। प्रोप्राइटरशिप और पार्टनरशिप फर्म आधार-आधारित EVC का उपयोग कर सकती हैं। कंपनी के रूप में GST रजिस्ट्रेशन के आवेदन के समय ही DSC की आवश्यकता पड़ जाती है।
क्या इनकम टैक्स और GST के लिए अलग-अलग सर्टिफिकेट लेने होंगे?
नहीं। एक ही Class 3 साइनिंग सर्टिफिकेट दोनों पोर्टलों पर काम करता है। कोई अलग “इनकम टैक्स सर्टिफिकेट” या “GST सर्टिफिकेट” नहीं होता।
GST पोर्टल पर emSigner काम क्यों नहीं कर रहा?
emSigner को “Run as administrator” करके चलाएँ, और साइनिंग बटन पर क्लिक करने से पहले चालू करें। यह आपके कंप्यूटर पर 127.0.0.1 पर लोकल कनेक्शन खोलता है जिसे एंटीवायरस या फ़ायरवॉल अक्सर रोक देते हैं। यह भी देखें कि टोकन Device Manager में दिख रहा हो और टोकन का ड्राइवर ठीक से इंस्टॉल हो।
पोर्टल रजिस्ट्रेशन के समय सर्टिफिकेट को रिजेक्ट क्यों कर देता है?
लगभग हमेशा PAN रिकॉर्ड में नाम के मिसमैच के कारण। दोनों पोर्टल सर्टिफिकेट को आपके PAN से जोड़ते हैं, इसलिए सर्टिफिकेट पर दर्ज नाम और PAN कार्ड का नाम अक्षर-दर-अक्षर मिलना चाहिए — बीच का नाम छूट जाना या इनिशियल का फ़र्क़ होना भी रजिस्ट्रेशन को फ़ेल कर देता है।
क्या रिन्यू कराने के बाद दोनों पोर्टलों पर दोबारा रजिस्ट्रेशन करना होगा?
हाँ, दोनों पोर्टलों पर। रिन्यू किया गया सर्टिफिकेट तकनीकी रूप से एक नया सर्टिफिकेट होता है, इसलिए जब तक आप उसे दोनों पोर्टलों पर “Update DSC” नहीं करेंगे, पोर्टल पुराने अमान्य सर्टिफिकेट को ही ढूँढते रहेंगे।
इनकम टैक्स और GST के लिए कौन-सी क्लास चाहिए?
Class 3 साइनिंग (Signing Only) दोनों के लिए पर्याप्त है। साइनिंग और एन्क्रिप्शन वाला कॉम्बो केवल ई-टेंडरिंग और सरकारी खरीद के लिए चाहिए होता है।

आज ही डिजिटल सिग्नेचर सर्टिफिकेट चाहिए?

रिटेल या बल्क कीमत के लिए हमारी सेल्स टीम से बात करें। सोम-शनि, सुबह 9:30 – शाम 6:30.